ये धूप मेरे घर तक भी आए तो अच्छा है

ये धूप मेरे घर तक भी आए तो अच्छा है रिश्तों की सीलन को सुखाए तो अच्छा है जो आँधियाँ अक्सर छप्पर उड़ाया करती हैं एक दफे मेरा अना* भी...
Read More

अपने जहन में संविधान रखता हूँ

मैं अपने कामों में ईमान रखता हूँ  सो सबसे अलग पहचान रखता हूँ सब इंसान लगते हैं मुझे एक जैसे  तासीर में हमेशा भगवान् रखता हूँ  ...
Read More